• Monday, May 25, 2026
  • About Us
  • Contact Us
logo
  • होम
  • देश
  • राज्य
    • दिल्ली
    • पंजाब
    • उत्तर प्रदेश
  • खेल
  • मनोरंजन
  • वेबस्टोरी
  • लाइफस्टाइल
  • एस्ट्रो
  • हेल्थ
  • विदेश
  • वीडियो
logo
  • होम
  • देश
  • खेल
  • राज्य
    • दिल्ली
    • पंजाब
    • उत्तर प्रदेश
  • मनोरंजन
  • वेबस्टोरी
  • लाइफस्टाइल
  • एस्ट्रो
  • हेल्थ
  • विदेश
  • वीडियो
  • Home
  • Punjab

नशे पर लगाम: प्रेगाबालिन दवा पर सख्ती, पंजाब की रिपोर्ट के बाद केंद्र सरकार का बड़ा फैसला

नसों के दर्द के इलाज में इस्तेमाल होने वाली दवा प्रेगाबालिन के बढ़ते दुरुपयोग को देखते हुए केंद्र सरकार ने इसकी बिक्री पर सख्त नियंत्रण लगा दिया है। पंजाब से आई रिपोर्टों में सामने आया कि इस दवा का इस्तेमाल नशे के लिए किया जा रहा है।

  • Saurabh | 28 Jan 2026 10:32 PM
नशे पर लगाम: प्रेगाबालिन दवा पर सख्ती, पंजाब की रिपोर्ट के बाद केंद्र सरकार का बड़ा फैसला

नसों के दर्द के इलाज में इस्तेमाल होने वाली मशहूर दवा प्रेगाबालिन (Pregabalin) को लेकर केंद्र सरकार ने बड़ा कदम उठाया है। देश के शीर्ष दवा नियामक ने इस दवा की बिक्री पर सख्त नियंत्रण लगाने का फैसला किया है। इसकी वजह है कई राज्यों से, खासकर पंजाब से, सामने आए ऐसे मामले जिनमें इस दवा का इलाज के बजाय नशे के लिए इस्तेमाल किया जा रहा था।

क्या फैसला लिया गया है?

भारत की प्रमुख दवा नियामक संस्था केंद्रीय औषधि मानक नियंत्रण संगठन (CDSCO) ने प्रेगाबालिन की सभी किस्मों और सभी डोज को अब शेड्यूल H1 में शामिल कर दिया है। यह फैसला ड्रग्स एंड कॉस्मेटिक्स रूल्स, 1945 के तहत लिया गया है। इस बदलाव के बाद देशभर में इस दवा की बिक्री और निगरानी पहले से कहीं ज्यादा सख्त हो जाएगी।

ये भी पढें

  • ♦ फिर नहीं बदली GPF की ब्याज दर! वित्त मंत्रालय के नए ऐलान ने लाखों कर्मचारियों को किया खुश, पूरी डिटेल यहां पढ़ें
  • ♦ किस समय खाना चाहिए मखाना, जानें इसका सही समय
  • ♦ Elon Musk का बड़ा दावा- WhatsApp पर भरोसा करना हो सकता है खतरनाक! क्या आप भी कर रहे हैं ये गलती?

शेड्यूल H1 में आने से क्या बदलेगा?

शेड्यूल H1 में शामिल दवाओं की बिक्री पर पहले से ज्यादा निगरानी रखी जाती है। अब मेडिकल स्टोर और दवा विक्रेताओं को इस दवा को बेचते समय कई जरूरी जानकारियां दर्ज करनी होंगी।

दवा लिखने वाले डॉक्टर का नाम और पता

मरीज का पूरा विवरण

कौन-सी दवा दी गई

कितनी मात्रा में दवा दी गई

तीन साल तक रखना होगा रिकॉर्ड

नए नियमों के अनुसार, दवा विक्रेताओं को यह पूरा रिकॉर्ड कम से कम तीन साल तक सुरक्षित रखना होगा। जरूरत पड़ने पर यह जानकारी सरकारी अधिकारियों को जांच के लिए दिखानी होगी।

इसके अलावा, प्रेगाबालिन की पैकेजिंग पर खास चेतावनी लेबल लगाना भी अनिवार्य कर दिया गया है।

पहले क्या नियम थे?

अब तक प्रेगाबालिन शेड्यूल H में थी। इसका मतलब यह था कि डॉक्टर की पर्ची दिखाने पर दवा मिल जाती थी, लेकिन मेडिकल स्टोर को किसी तरह का विस्तृत रिकॉर्ड रखने की जरूरत नहीं थी।

सरकार को लगा कि इसी ढील का फायदा उठाकर दवा का गलत इस्तेमाल बढ़ रहा है।

कब से लागू होगा नया नियम?

CDSCO ने इस संबंध में जो अधिसूचना जारी की है, वह फिलहाल 30 दिनों की प्रक्रिया में है। इस अवधि के पूरा होने के बाद इसे अंतिम रूप देकर लागू कर दिया जाएगा।

प्रेगाबालिन के दुरुपयोग का इतिहास

पिछले कुछ वर्षों से ड्रग कंसल्टेटिव कमेटी (DCC) और ड्रग टेक्निकल एडवाइजरी बोर्ड (DTAB) जैसी सरकारी सलाहकार संस्थाएं प्रेगाबालिन के दुरुपयोग पर चिंता जता रही थीं।

इन बैठकों में लगातार यह मुद्दा उठता रहा कि यह दवा इलाज से ज्यादा नशे का साधन बनती जा रही है।

कौन-सी डोज बाजार में मिलती है?

अधिकारियों के अनुसार, प्रेगाबालिन बाजार में 75 mg से लेकर 300 mg तक की डोज में उपलब्ध है। यह दवा टैबलेट और कैप्सूल दोनों रूपों में मिलती है।

किन बीमारियों में दी जाती है यह दवा?

नसों के दर्द (न्यूरोपैथिक पेन)

फाइब्रोमायल्जिया

मिर्गी के कुछ प्रकार

के इलाज में दी जाती है। इसे कभी-कभी अन्य दवाओं के साथ भी दिया जाता है। यह दवा एक महीने से ज्यादा उम्र के बच्चों और वयस्कों को डॉक्टर की सलाह पर दी जा सकती है।

पंजाब से आई सबसे बड़ी चेतावनी

नियामकों ने बताया कि पंजाब फूड एंड ड्रग एडमिनिस्ट्रेशन की रिपोर्ट में सामने आया कि प्रेगाबालिन का इस्तेमाल मनोरंजन या नशे के लिए किया जा रहा है।

यह दवा सिर्फ लाइसेंसधारी मेडिकल स्टोर से ही नहीं, बल्कि बिना लाइसेंस वाले ठिकानों से भी जब्त की गई है।

ज्यादा डोज पर सवाल

सरकारी समितियों ने 150 mg और 300 mg जैसी ऊंची डोज वाली गोलियों को लेकर भी चिंता जताई है। उनका कहना है कि इनकी इलाज में उपयोगिता सीमित है, लेकिन नशे के लिए इनका इस्तेमाल ज्यादा हो रहा है।

DCGI की मंजूरी की होगी समीक्षा

सलाहकार पैनलों ने यह सुझाव भी दिया है कि ड्रग कंट्रोलर जनरल ऑफ इंडिया (DCGI) द्वारा दी गई उच्च डोज की मंजूरियों की दोबारा समीक्षा की जानी चाहिए।

संबंधित ख़बरें
chandigarh drug case

चंडीगढ़ में नशे का बड़ा खुलासा! पुलिस अफसर का बेटा निकला आइस सप्लायर, कार से 10 ग्राम ड्रग्स बरामद

Punjab Weather Update

पंजाब में अगले 72 घंटे मुश्किल! घना कोहरा, शीतलहर और बारिश का अलर्ट-ऑरेंज चेतावनी जारी

पंजाब के हक पर किसी की नहीं चलेगी! सीएम भगवंत मान ने गणतंत्र दिवस पर दी दो टूक चेतावनी

पंजाब के हक पर किसी की नहीं चलेगी! सीएम भगवंत मान ने गणतंत्र दिवस पर दी दो टूक चेतावनी

image
Viral
दुनिया की सबसे लंबी जीभ वाली महिला

दुनिया की सबसे लंबी जीभ वाली महिला

दिल्ली मेट्रो बनी अखाड़ा: सीट के लिए दो महिलाओं में बाल नोच-खसोट, वीडियो वायरल

दिल्ली मेट्रो बनी अखाड़ा: सीट के लिए दो महिलाओं में बाल नोच-खसोट, वीडियो वायरल

लंदन में तिरंगे की लड़ाई… मुस्लिम लड़कियों ने पाकिस्तानियों को दिया मुंहतोड़ जवाब, देखें Viral वीडियो!

लंदन में तिरंगे की लड़ाई… मुस्लिम लड़कियों ने पाकिस्तानियों को दिया मुंहतोड़ जवाब, देखें Viral वीडियो!

उदयपुर में दिल दहला देने वाली घटना, तीन आवारा कुत्तों ने 5 साल के मासूम पर किया हमला, देखें Video

उदयपुर में दिल दहला देने वाली घटना, तीन आवारा कुत्तों ने 5 साल के मासूम पर किया हमला, देखें Video

एयरपोर्ट पर दिखा तृप्ति डिमरी और सैम मर्चेंट का क्यूट मोमेंट, Video हुआ वायरल!

एयरपोर्ट पर दिखा तृप्ति डिमरी और सैम मर्चेंट का क्यूट मोमेंट, Video हुआ वायरल!

Facebook पर शेयर करें Twitter पर शेयर करें WhatsApp पर शेयर करें Telegram पर शेयर करें
Facebook Twitter WhatsApp Telegram

भारत और विश्व की ताज़ा खबरें, राजनीति, खेल, मनोरंजन, व्यापार, और अन्य प्रमुख समाचार।

  • Trustline Media | Noida, India
  • [email protected]
Important Links
  • Petrol & Diesel Price
  • Entertainment News in Hindi
  • Lifestyle News in Hindi
  • Sports News in Hindi
  • Rashifal in Hindi
Newsletter
About Us Terms & Condition Privacy Policy Advertise With Us Editorial Policy Contact

Copyright © 2026 The Samachaar

  • Home