• Monday, May 18, 2026
  • About Us
  • Contact Us
logo
  • होम
  • देश
  • राज्य
    • दिल्ली
    • पंजाब
    • उत्तर प्रदेश
  • खेल
  • मनोरंजन
  • वेबस्टोरी
  • लाइफस्टाइल
  • एस्ट्रो
  • हेल्थ
  • विदेश
  • वीडियो
logo
  • होम
  • देश
  • खेल
  • राज्य
    • दिल्ली
    • पंजाब
    • उत्तर प्रदेश
  • मनोरंजन
  • वेबस्टोरी
  • लाइफस्टाइल
  • एस्ट्रो
  • हेल्थ
  • विदेश
  • वीडियो
  • Home
  • International

बांग्लादेश की पूर्व पीएम खालिदा जिया का निधन, जानें उनके भारत से जुड़े राज और राजनीति की पूरी कहानी

बांग्लादेश की पूर्व प्रधानमंत्री खालिदा जिया का 80 वर्ष की आयु में निधन हो गया. भारत के जलपाईगुड़ी में जन्मी खालिदा जिया ने बंटवारे, पाकिस्तान और बांग्लादेश के दौर में राजनीति में अहम भूमिका निभाई. वह पहली महिला प्रधानमंत्री बनीं और लोकतंत्र मजबूत करने में योगदान दिया.

  • Samachaar Desk | 30 Dec 2025 12:22 PM
बांग्लादेश की पूर्व पीएम खालिदा जिया का निधन, जानें उनके भारत से जुड़े राज और राजनीति की पूरी कहानी

बांग्लादेश की पूर्व प्रधानमंत्री खालिदा जिया का 80 साल की उम्र में निधन हो गया. अक्सर उन्हें शेख हसीना के मुकाबले भारत विरोधी माना जाता रहा, लेकिन सच यह है कि उनका भारत से भी गहरा रिश्ता था.

भारत में जन्म, बंटवारे की कहानी

खालिदा जिया का जन्म 1945 में जलपाईगुड़ी, पश्चिम बंगाल में हुआ था. उस समय यह दिनाजपुर जिले का हिस्सा था और भारत अभी एक ही देश था. 1947 में भारत-पाकिस्तान का विभाजन हुआ, जिससे पश्चिमी बंगाल भारत का हिस्सा बन गया और पूर्वी बंगाल पाकिस्तान में चला गया. 16 दिसंबर 1971 को पूर्वी बंगाल स्वतंत्र होकर बांग्लादेश बन गया.

ये भी पढें

  • ♦ फिर नहीं बदली GPF की ब्याज दर! वित्त मंत्रालय के नए ऐलान ने लाखों कर्मचारियों को किया खुश, पूरी डिटेल यहां पढ़ें
  • ♦ किस समय खाना चाहिए मखाना, जानें इसका सही समय
  • ♦ Elon Musk का बड़ा दावा- WhatsApp पर भरोसा करना हो सकता है खतरनाक! क्या आप भी कर रहे हैं ये गलती?

इस तरह खालिदा जिया ने अपनी जिंदगी भारत, पाकिस्तान और फिर बांग्लादेश के नागरिक के तौर पर बिताई. वह बांग्लादेश की पहली महिला प्रधानमंत्री बनीं और देश के शीर्ष नेताओं में गिनी जाने लगीं.

शिक्षा और प्रारंभिक जीवन

बंटवारे के बाद उनका परिवार दिनाजपुर चला गया. खालिदा जिया ने अपनी प्रारंभिक पढ़ाई दिनाजपुर के मिशनरी स्कूल में पूरी की और बाद में गर्ल्स कॉलेज से शिक्षा हासिल की. उनके जन्म और शुरुआती जीवन का भारत से नाता उनके व्यक्तित्व और राजनीतिक दृष्टिकोण में भी दिखा.

पति जिया-उर-रहमान की हत्या और राजनीति में कदम

खालिदा जिया की शादी जिया-उर-रहमान से हुई, जो बाद में बांग्लादेश के राष्ट्रपति बने. 1981 में हुए तख्तापलट के दौरान उनके पति की हत्या कर दी गई. इसके बाद बांग्लादेश में लगातार 9 साल तक सैन्य शासन रहा. इसी उथल-पुथल भरे माहौल में 1991 में खालिदा जिया ने सत्ता संभाली.

पति की मृत्यु के बाद उनकी राजनीतिक भागीदारी और भी सक्रिय हो गई. उन्होंने जनरल हुसैन मुहम्मद इरशाद के सैन्य शासन को खत्म करने के लिए सात दलों का गठबंधन खड़ा किया. उनके नेतृत्व में यह आंदोलन सफल रहा और बांग्लादेश में लोकतंत्र की बहाली हुई.

हिरासत और संघर्ष

1983 से 1990 के बीच खालिदा जिया को 7 बार हिरासत में लिया गया, लेकिन वह अपने इरादों पर अडिग रहीं. उन्होंने 1986 के चुनावों का बायकॉट किया और 1991 में सत्ता संभालते ही बांग्लादेश में संसदीय प्रणाली लागू की. इसके अलावा उन्होंने अंतरिम सरकार का गठन कर साफ-सुथरे चुनावों का रास्ता भी बनाया.

विवाद और चुनौतियां

हालांकि उनका 2001-2006 का कार्यकाल विवादों से भरा रहा. उनके बेटे तारिक रहमान भी कई बार चर्चा में रहे. अब 17 साल बाद जब वह बांग्लादेश लौटे हैं, तो उनका ग्रैंड वेलकम किया गया. बदलते राजनीतिक हालात में उन्हें आगामी प्रधानमंत्री के रूप में भी देखा जा रहा है.

राजनीति में योगदान और विरासत

खालिदा जिया ने बांग्लादेश में महिलाओं के लिए राजनीति के नए मार्ग खोले और देश की सत्ता में एक महिला के नेतृत्व का उदाहरण प्रस्तुत किया. उनके कार्यकाल में संसदीय व्यवस्था मजबूत हुई और लोकतंत्र के लिए कई संस्थागत सुधार किए गए.

भारत से विशेष नाता

हालांकि उनके और शेख हसीना के बीच भारत के प्रति दृष्टिकोण में अंतर था, फिर भी खालिदा जिया का भारत से गहरा व्यक्तिगत और सांस्कृतिक संबंध रहा. उनका जन्म भारत में हुआ और उनकी प्रारंभिक पढ़ाई भी वहीं हुई. इस कनेक्शन ने उनकी राजनीतिक छवि और निर्णयों पर भी असर डाला.

खालिदा जिया का जीवन संघर्ष और साहस का प्रतीक रहा. उन्होंने मुश्किल हालात में भी राजनीति में अपनी जगह बनाई और महिलाओं के लिए नेतृत्व का उदाहरण पेश किया. उनके निधन के बाद बांग्लादेश और दक्षिण एशिया की राजनीति में एक युग का अंत माना जा रहा है, लेकिन उनकी विरासत और योगदान हमेशा याद रखा जाएगा.

संबंधित ख़बरें
Astronomy Lab in Delhi Government School

दिल्ली के इस सरकारी स्कूल की बदली तस्वीर, बच्चियों को मिला अंतरिक्ष सीखने का मौका, बनेंगी भविष्य की वैज्ञानिक

TGT-PGT Vaccancy

उत्तर प्रदेश में लाखों अभ्यर्थियों के लिए खुशखबरी: TGT और PGT के 30,731 पदों पर भर्ती की प्रक्रिया जल्द, जानें पूरी डिटेल!

Kharmas 2025

Kharmas 2025: कब खत्म हो रहा खरमास, जानें क्या करें और क्या नहीं?

image
Viral
दुनिया की सबसे लंबी जीभ वाली महिला

दुनिया की सबसे लंबी जीभ वाली महिला

दिल्ली मेट्रो बनी अखाड़ा: सीट के लिए दो महिलाओं में बाल नोच-खसोट, वीडियो वायरल

दिल्ली मेट्रो बनी अखाड़ा: सीट के लिए दो महिलाओं में बाल नोच-खसोट, वीडियो वायरल

लंदन में तिरंगे की लड़ाई… मुस्लिम लड़कियों ने पाकिस्तानियों को दिया मुंहतोड़ जवाब, देखें Viral वीडियो!

लंदन में तिरंगे की लड़ाई… मुस्लिम लड़कियों ने पाकिस्तानियों को दिया मुंहतोड़ जवाब, देखें Viral वीडियो!

उदयपुर में दिल दहला देने वाली घटना, तीन आवारा कुत्तों ने 5 साल के मासूम पर किया हमला, देखें Video

उदयपुर में दिल दहला देने वाली घटना, तीन आवारा कुत्तों ने 5 साल के मासूम पर किया हमला, देखें Video

एयरपोर्ट पर दिखा तृप्ति डिमरी और सैम मर्चेंट का क्यूट मोमेंट, Video हुआ वायरल!

एयरपोर्ट पर दिखा तृप्ति डिमरी और सैम मर्चेंट का क्यूट मोमेंट, Video हुआ वायरल!

Facebook पर शेयर करें Twitter पर शेयर करें WhatsApp पर शेयर करें Telegram पर शेयर करें
Facebook Twitter WhatsApp Telegram

भारत और विश्व की ताज़ा खबरें, राजनीति, खेल, मनोरंजन, व्यापार, और अन्य प्रमुख समाचार।

  • Trustline Media | Noida, India
  • [email protected]
Important Links
  • Petrol & Diesel Price
  • Entertainment News in Hindi
  • Lifestyle News in Hindi
  • Sports News in Hindi
  • Rashifal in Hindi
Newsletter
About Us Terms & Condition Privacy Policy Advertise With Us Editorial Policy Contact

Copyright © 2026 The Samachaar

  • Home