A post shared by Dietician Kajal Aggarwal ✨Clinical Dietician ✨PCOD Expert. (@dietician_kajalaggarwal)
‘पिका’ क्या है?
‘पिका’ एक ऐसी कंडीशन है, जो मुख्य रूप से आयरन की कमी या एनीमिया के कारण होती है. इसमें व्यक्ति को वह चीज खाने की इच्छा होती है जो शरीर के लिए लाभदायक नहीं होती. गर्भवती महिलाओं में यह स्थिति ज्यादा देखने को मिलती है, लेकिन ये किसी भी उम्र या जेंडर में हो सकती है.
कच्चा चावल खाने के नुकसान
कच्चा चावल कोई हेल्दी आदत नहीं है, इसके कई साइड इफेक्ट हो सकते हैं:
1 पेट फूलना और गैस बनना
2 पेट में कीड़े पड़ना
3 संक्रमण का खतरा
4 पाचन से जुड़ी समस्याएं
5 दांतों को नुकसान पहुंचना
6 विषाक्तता की संभावना
7 शरीर में पोषण की कमी
कब सतर्क हों?
अगर आप या आपके परिवार में किसी को बार-बार कच्चा चावल खाने का मन करता है, तो सतर्क हो जाइए. इसके साथ अगर ये लक्षण भी दिखें, ‘कमजोरी, चक्कर आना, हाथ-पैर में दर्द, सांस फूलना’, तो यह निश्चित रूप से आयरन की कमी का संकेत हो सकता है.
क्या करें?
1 आयरन युक्त चीजें जैसे पालक, गुड़, अनार, चुकंदर और हरी पत्तेदार सब्जियों का सेवन करें.
2 विटामिन सी लें ताकि आयरन का अवशोषण बेहतर हो सके.
3 डॉक्टर की सलाह से आयरन सप्लीमेंट्स लें.
4 ज़रूरत पड़ने पर इंजेक्शन थैरेपी भी अपनाई जाती है.
कच्चा चावल खाने की आदत सिर्फ स्वाद की बात नहीं, एक गंभीर पोषण समस्या का संकेत हो सकती है. इसे नजरअंदाज न करें, बल्कि समय रहते जांच और इलाज कराएं.
(Disclaimer: यह स्टोरी सामान्य जानकारियों पर आधारित है. किसी भी तरह की स्वास्थ्य समस्या में विशेषज्ञ की सलाह जरूर लें.)