Punjab Weather Alert: पंजाब और चंडीगढ़ में अचानक हुई बारिश ने मौसम का रुख पूरी तरह बदल दिया है. आज सुबह कई इलाकों में हल्की बूंदाबांदी देखने को मिली, जिससे ठंड में इजाफा हो गया. बारिश और ओलावृष्टि के चलते तापमान में भी गिरावट दर्ज की गई है. बीते कुछ दिनों से अपेक्षाकृत शुष्क मौसम के बाद आई इस बारिश ने लोगों को ठंड का एहसास दोबारा करा दिया है.
मौसम विभाग के मुताबिक शुक्रवार, 23 जनवरी यानी बसंत पंचमी के दिन भी मौसम साफ होने की उम्मीद कम है. विभाग ने पूरे दिन मौसम खराब रहने की संभावना जताई है. अनुमान है कि बारिश की संभावना करीब 78 प्रतिशत तक बनी रहेगी. इसके चलते धार्मिक आयोजनों और खुले में होने वाले कार्यक्रमों पर भी असर पड़ सकता है.
पंजाब के जालंधर में बारिश के साथ ओलावृष्टि हुई, जिसके बाद तेज हवाएं भी चलीं. जालंधर के अलावा अमृतसर और लुधियाना में भी पश्चिमी विक्षोभ के असर से मौसम बिगड़ा हुआ है. मौसम विभाग ने इन जिलों के लिए अगले दो दिनों तक बारिश, गरज-तूफान और ओलावृष्टि को लेकर येलो अलर्ट जारी किया है. लोगों को सतर्क रहने और अनावश्यक यात्रा से बचने की सलाह दी गई है.
मौसम विभाग के अनुसार आज पठानकोट, गुरदासपुर, अमृतसर, तरनतारन, होशियारपुर, नवांशहर, कपूरथला, जालंधर, लुधियाना, फतेहगढ़ साहिब, रूपनगर, पटियाला और एसएएस नगर (मोहाली) के कुछ इलाकों में गरज-तूफान के साथ ओलावृष्टि हो सकती है. किसानों को विशेष सतर्कता बरतने को कहा गया है, क्योंकि ओलावृष्टि से फसलों को नुकसान पहुंच सकता है.
उधर हिमाचल प्रदेश में लंबे समय से चल रहा सूखे का दौर अब खत्म होता नजर आ रहा है. पश्चिमी विक्षोभ के सक्रिय होने से मौसम ने अचानक करवट ली है और राज्य के ऊंचाई वाले इलाकों में सीजन की पहली भारी बर्फबारी शुरू हो गई है. इससे पहाड़ी क्षेत्रों में कड़ाके की ठंड लौट आई है.
मनाली में सुबह-सुबह शुरू हुई बर्फबारी से पूरा इलाका सफेद चादर में ढक गया है. मनाली से सटे ऊंचे पहाड़ी क्षेत्रों में लगातार बर्फ गिर रही है, जिससे तापमान में भारी गिरावट दर्ज की गई है. हालांकि ठंड बढ़ने के साथ-साथ पहाड़ों की खूबसूरती भी देखते ही बन रही है और नजारे बेहद मनमोहक हो गए हैं.
लंबे इंतजार के बाद हुई इस बर्फबारी से किसानों, बागवानों और पर्यटन से जुड़े कारोबारियों को राहत मिलने की उम्मीद जगी है. माना जा रहा है कि इससे फसलों और सेब समेत अन्य फलों की पैदावार को फायदा होगा. साथ ही आने वाले दिनों में पर्यटकों की संख्या बढ़ने से हिमाचल के पर्यटन उद्योग को भी नई रफ्तार मिल सकती है.