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प्रगतिशील पंजाब निवेश शिखर सम्मेलन की तैयारियों की समीक्षा, सीएम मान बोले- राज्य में उद्योग और रोजगार को मिलेगी नई रफ्तार

पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने 13 से 15 मार्च 2026 तक मोहाली में होने वाले प्रगतिशील पंजाब निवेश शिखर सम्मेलन की तैयारियों की समीक्षा की।

👤 Saurabh 12 Feb 2026 12:36 AM

पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने 13 से 15 मार्च 2026 तक मोहाली में होने वाले प्रगतिशील पंजाब निवेश शिखर सम्मेलन की तैयारियों की समीक्षा की। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि यह सम्मेलन पंजाब के औद्योगिक विकास के लिए एक बड़ा और निर्णायक कदम साबित होगा।

मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि सम्मेलन की सभी तैयारियां समय पर और बेहतर तरीके से पूरी की जाएं, ताकि राज्य को निवेश का बड़ा लाभ मिल सके।

औद्योगिक विकास से खुलेगा रोजगार का रास्ता

मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने कहा कि इस निवेश शिखर सम्मेलन का मुख्य उद्देश्य पंजाब में उद्योगों को बढ़ावा देना और युवाओं के लिए बड़े पैमाने पर रोजगार के अवसर पैदा करना है। उन्होंने कहा कि पंजाब को कृषि के साथ-साथ उद्योगों में भी आत्मनिर्भर बनाना समय की जरूरत है। उद्योगों के विस्तार से राज्य की अर्थव्यवस्था मजबूत होगी और युवाओं को अपने ही प्रदेश में रोजगार मिलेगा।

13 से 15 मार्च तक मोहाली में होगा सम्मेलन

मुख्यमंत्री ने जानकारी दी कि यह ऐतिहासिक सम्मेलन 13, 14 और 15 मार्च 2026 को मोहाली में आयोजित किया जाएगा। इसमें देश-विदेश से उद्योग जगत के बड़े प्रतिनिधि, निवेशक और विशेषज्ञ शामिल होंगे। उन्होंने कहा कि पंजाब अब निवेश के लिए एक पसंदीदा राज्य बनकर उभर रहा है और यह सम्मेलन इस दिशा में मील का पत्थर साबित होगा।

सम्मेलन की थीम: नीति से व्यवहार तक

मुख्यमंत्री ने बताया कि इस बार सम्मेलन की थीम “पंजाब का मतलब व्यापार – नीति से व्यवहार तक” रखी गई है। इसका मतलब यह है कि सरकार केवल नीतियां बनाने तक सीमित नहीं रहेगी, बल्कि उन्हें जमीन पर भी लागू करेगी। उन्होंने कहा कि सरकार निवेशकों को हर स्तर पर सहयोग देगी, ताकि उन्हें किसी तरह की परेशानी न हो।

देश-विदेश में रोड शो, निवेशकों को दिया न्योता

भगवंत सिंह मान ने बताया कि राज्य सरकार ने निवेशकों को आकर्षित करने के लिए देश के प्रमुख शहरों जैसे गुरुग्राम, दिल्ली, मुंबई, बेंगलुरु, चेन्नई, हैदराबाद के साथ-साथ जापान और दक्षिण कोरिया में भी रोड शो किए हैं। इन रोड शो के जरिए निवेशकों को पंजाब की उद्योग-अनुकूल नीतियों और सुविधाओं की जानकारी दी गई।

15 लाख करोड़ के निवेश प्रस्ताव, 52 लाख रोजगार की उम्मीद

मुख्यमंत्री ने बताया कि अब तक पंजाब सरकार को करीब 15 लाख करोड़ रुपये के निवेश प्रस्ताव मिल चुके हैं। इन निवेशों से आने वाले समय में लगभग 52 लाख लोगों को रोजगार मिलने की संभावना है। उन्होंने कहा कि यह पंजाब के युवाओं के लिए एक सुनहरा अवसर है।

बड़ी कंपनियों की दिलचस्पी

मुख्यमंत्री ने बताया कि टाटा स्टील, सनातन टेक्सटाइल्स समेत कई बड़ी कंपनियों ने पंजाब में निवेश करने में रुचि दिखाई है। इससे साफ है कि उद्योग जगत का भरोसा पंजाब सरकार की नीतियों पर बढ़ा है।

उद्योगों के लिए आसान नियम और सुविधाएं

राज्य सरकार द्वारा किए गए सुधारों की जानकारी देते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि औद्योगिक परियोजनाओं के लिए मंजूरी प्रक्रिया को सरल बनाया गया है। जमीन की रजिस्ट्री के लिए ग्रीन स्टांप पेपर की सुविधा शुरू की गई है, जिससे समय और पैसा दोनों की बचत होगी। उन्होंने कहा कि पंजाब में कुशल श्रमिकों की कोई कमी नहीं है, जो उद्योगों के लिए बड़ी ताकत है।

बिजली और बुनियादी ढांचे पर फोकस

मुख्यमंत्री ने कहा कि औद्योगिक विकास के लिए बिजली की उपलब्धता बहुत जरूरी है। इसी को ध्यान में रखते हुए राज्य सरकार बिजली उत्पादन बढ़ाने और निर्बाध आपूर्ति सुनिश्चित करने के लिए लगातार प्रयास कर रही है।

देश-दुनिया की बड़ी कंपनियां होंगी शामिल

उन्होंने बताया कि इस सम्मेलन में देश और विदेश की कई नामी कंपनियों के प्रतिनिधि शामिल होंगे। सम्मेलन के दौरान प्रदर्शनियां, सेमिनार, तकनीकी सत्र और उभरती तकनीकों पर चर्चा की जाएगी।

सम्मेलन का लोगो जारी

बैठक के दौरान मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने प्रगतिशील पंजाब निवेश शिखर सम्मेलन का आधिकारिक लोगो भी जारी किया। इस मौके पर उद्योग एवं वाणिज्य मंत्री संजीव अरोड़ा, मुख्य सचिव के.ए.पी. सिन्हा और कई वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे।