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गैस की कमी ने मचाया हड़कंप: दिल्ली हाईकोर्ट से अयोध्या तक, हर जगह बंद हो रही हैं रसोईयां

पश्चिम एशिया संकट के कारण देश में एलपीजी गैस की किल्लत बढ़ गई है। होटलों, रेस्टोरेंट्स, रेलवे और घरों में गैस की कमी से सेवाएं प्रभावित हो रही हैं और वैकल्पिक उपाय अपनाने पड़ रहे हैं।

👤 Samachaar Desk 11 Mar 2026 04:10 PM

पश्चिम एशिया में बढ़ते संकट की वजह से देश में रसोई गैस की कमी हो गई है। इसका असर आम लोगों के साथ-साथ होटल, रेस्टोरेंट और पब्लिक कैंटीन पर भी पड़ा है। इस मुद्दे को लेकर बुधवार को संसद में विपक्षी सदस्यों ने जोरदार हंगामा किया, जिससे सदन सुचारू रूप से काम नहीं कर पाया।

गैस की आपूर्ति में कमी के कारण कई होटलों और रेस्टोरेंट्स को अपने काम को कम करना पड़ रहा है या अस्थायी रूप से बंद करना पड़ रहा है। दिल्ली, मुंबई, चेन्नई और तमिलनाडु के कई प्रतिष्ठानों में ये समस्या खास तौर पर देखी जा रही है। होटल मालिकों का कहना है कि कमर्शियल एलपीजी सिलेंडर की आपूर्ति न होने से उनकी दैनिक सेवाएं प्रभावित हो रही हैं।

अयोध्या और राम रसोई पर प्रभाव

उत्तर प्रदेश की राम नगरी अयोध्या में एलपीजी गैस की कमी का असर सीधे देखा जा रहा है। राम मंदिर के पास अमावा मंदिर में संचालित श्री राम रसोई ने भोजन वितरण को अस्थायी रूप से रोक दिया है। ये कदम सुरक्षा और उपलब्ध संसाधनों की कमी के कारण उठाया गया है।

दिल्ली हाईकोर्ट की कैंटीन में परेशानी

दिल्ली हाईकोर्ट की कैंटीन में भी गैस की कमी के कारण मेन कोर्स बंद करना पड़ा। हालांकि वहां सैंडविच, सलाद और फ्रूट चाट जैसे हल्के खाने के विकल्प उपलब्ध रहेंगे। कैंटीन प्रबंधन का कहना है कि गैस आपूर्ति फिर से शुरू होने के बाद मेन कोर्स को पुनः चालू किया जाएगा।

चेन्नई में कई होटलों ने अपने मेनू में बदलाव किया है। होटल मालिकों का कहना है कि इडली, सांभर और वड़ा तो बनेंगे, लेकिन डोसा और कुछ अन्य व्यंजन हटाने पड़े हैं। स्थानीय गैस डिस्ट्रीब्यूशन कंपनियों के अनुसार, करीब 5 लाख कमर्शियल सिलेंडर की आपूर्ति रुकने के बाद स्थिति गंभीर हो गई है।

रेलवे भोजन पर भी असर

इंडियन रेलवे कैटरिंग एंड टूरिज्म कॉर्पोरेशन (IRCTC) ने भी इस कमी को देखते हुए रेलवे स्टेशनों की स्टैटिक कैटरिंग यूनिट्स को माइक्रोवेव और इंडक्शन कुकटॉप जैसी वैकल्पिक साधनों से खाना तैयार करने और रेडी-टू-ईट खाने का स्टॉक रखने के निर्देश दिए हैं।

बिहार, भोपाल और चंडीगढ़ जैसे शहरों में लोग गैस सिलेंडर लेने के लिए घंटों लाइन में खड़े हैं। ऑनलाइन बुकिंग सिस्टम काम नहीं कर रहे हैं, इसलिए उन्हें सीधे गैस एजेंसियों में जाना पड़ रहा है।

इंडक्शन कुकटॉप और इलेक्ट्रिक विकल्पों की सलाह

छत्तीसगढ़ होटल और रेस्टोरेंट एसोसिएशन ने होटल, रेस्टोरेंट और केटरर्स को पैनिक बाइंग से बचने और इंडक्शन कुकटॉप, हॉट प्लेट और राइस कुकर जैसी इलेक्ट्रिक कुकिंग इक्विपमेंट का इस्तेमाल करने की सलाह दी है। एसोसिएशन ने चेतावनी दी है कि सिलेंडर की कमी से हॉस्पिटैलिटी सेक्टर में संकट और बढ़ सकता है।