बॉलीवुड में कई ऐसे कलाकार हुए हैं जिन्होंने विलेन का किरदार निभाकर लोगों के दिलों में खौफ पैदा कर दिया. अमरीश पुरी, प्राण और प्रेम चोपड़ा जैसे दिग्गजों की लिस्ट में एक और नाम शामिल है – आशीष विद्यार्थी. दमदार आवाज, एक्सप्रेशन और स्क्रीन प्रेजेंस के जरिए उन्होंने सिनेमा को कई यादगार विलेन दिए.
लेकिन एक बार ऐसा हुआ कि फिल्मों में बार-बार मरने वाला ये कलाकार हकीकत में मौत के करीब पहुंच गया, और लोग सोचते रहे कि ये भी एक्टिंग का हिस्सा है.
आशीष विद्यार्थी का करियर किसी उपलब्धि से कम नहीं. उन्होंने 9 भाषाओं में 300 से ज्यादा फिल्मों में काम किया है. उनकी खासियत थी उनके किरदारों में जान डाल देना, चाहे वो खतरनाक विलेन हो या कोई गंभीर सीनियर अधिकारी.
फिल्मों में उनकी इतनी गहरी पकड़ थी कि एक समय ऐसा आया जब लोग उनकी असली जिंदगी को भी स्क्रिप्ट का हिस्सा समझ बैठे.
ये हादसा 2016 में फिल्म बॉलीवुड डायरी की शूटिंग के दौरान हुआ. आशीष एक वॉटर सीन को असली दिखाने के लिए थोड़ा गहरे पानी में चले गए. लेकिन सीन की गंभीरता इतनी बढ़ गई कि वो सच में डूबने लगे.
हैरानी की बात ये थी कि मौके पर मौजूद किसी को भी अंदाज़ा नहीं हुआ कि एक्टर वाकई में खतरे में हैं. सबने इसे उनका जबरदस्त परफॉर्मेंस समझा और कोई मदद के लिए आगे नहीं आया.
इस सीन को देखकर कुछ लोगों ने तालियां भी बजाईं, ये सोचकर कि क्या शानदार एक्टिंग है. लेकिन जैसे ही पुलिस मौके पर पहुंची, उन्होंने स्थिति को समझा और आशीष विद्यार्थी को डूबने से बचाया.
ये घटना बताती है कि जब एक कलाकार अपने किरदार में इस कदर डूब जाता है, तो असली और नकली के बीच की रेखा धुंधली हो जाती है.
आशीष विद्यार्थी को फिल्मों में अक्सर हीरो द्वारा मारा गया – आंकड़ों की मानें तो 182 फिल्मों में उनकी ऑन-स्क्रीन मौत हुई. उनकी चर्चित फिल्मों में बिच्छू, जोरू का गुलाम, कहो न प्यार है, क्योंकि मैं झूठ नहीं बोलता जैसी फिल्में शामिल हैं, जहां उन्होंने खतरनाक विलेन की भूमिका निभाई.
काम के अलावा आशीष विद्यार्थी अपनी दूसरी शादी को लेकर भी सुर्खियों में रहे. उन्होंने ये साबित किया कि उम्र कोई बंदिश नहीं होती – चाहे प्रोफेशनल चुनौतियां हों या पर्सनल डिसीजन.