Punjab News: पंजाब सरकार द्वारा बजट पेश किए जाने के बाद राज्य की राजनीति में बयानबाजी तेज हो गई है। कांग्रेस नेता और पूर्व विधायक डॉ. नवजोत कौर सिद्धू ने मुख्यमंत्री भगवंत मान पर तीखा राजनीतिक हमला बोला है। उन्होंने सरकार के फैसलों और सरकारी फंड के इस्तेमाल को लेकर कई सवाल खड़े किए हैं। डॉ. सिद्धू ने कहा कि सरकारी खजाने में जो पैसा है, वह जनता और टैक्सदाताओं का है। ऐसे में सरकार को यह याद रखना चाहिए कि यह किसी व्यक्ति का निजी पैसा नहीं है।
डॉ. नवजोत कौर सिद्धू ने मुख्यमंत्री पर निशाना साधते हुए कहा कि सरकारी फंड का इस्तेमाल करते समय पारदर्शिता और जिम्मेदारी जरूरी है। उन्होंने कहा कि अगर सरकार किसी की मदद करना चाहती है तो उसे यह स्पष्ट करना चाहिए कि यह मदद किस आधार पर दी जा रही है।
उन्होंने यह भी सवाल उठाया कि अगर मुख्यमंत्री किसी को आर्थिक सहायता देना चाहते हैं, तो क्या वह अपनी जेब से भी ऐसा करने को तैयार हैं। उनके अनुसार, जनता के पैसे का इस्तेमाल करते समय सरकार को पूरी जवाबदेही निभानी चाहिए।
डॉ. सिद्धू ने यह भी पूछा कि चुनाव से ठीक पहले सरकार की उदारता अचानक क्यों बढ़ गई है। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार चुनावी माहौल को देखते हुए कई तरह की घोषणाएं कर रही है। उनके मुताबिक ऐसी योजनाओं और घोषणाओं का उद्देश्य जनता को प्रभावित करना भी हो सकता है। उन्होंने कहा कि सरकार को चुनावी राजनीति से ऊपर उठकर राज्य के विकास और जनता की वास्तविक जरूरतों पर ध्यान देना चाहिए। डॉ. नवजोत कौर सिद्धू ने मुख्यमंत्री से पंजाब पर लिए गए कर्ज का भी पूरा ब्योरा मांगा है। उन्होंने पूछा कि सरकार ने अब तक कितना कर्ज लिया है और उसमें से कितना पैसा वापस किया गया है।
उन्होंने कहा कि कर्ज समय पर चुकाना बेहद जरूरी होता है, जबकि मौजूदा सरकार का कार्यकाल फरवरी 2027 में समाप्त होने वाला है। ऐसे में सरकार को अपनी आर्थिक स्थिति और कर्ज की जानकारी जनता के सामने साफ-साफ रखनी चाहिए।
कांग्रेस नेता ने एक और अहम मांग करते हुए मुख्यमंत्री से कहा कि वह चुनाव से पहले और बाद के अपने परिवार के बैंक स्टेटमेंट सार्वजनिक करें। उनके अनुसार इससे जनता और आयकर विभाग यह समझ सकेगा कि सत्ता में आने के बाद उनकी संपत्ति, जमीन, ज्वेलरी या विदेशी प्रॉपर्टी में कितनी बढ़ोतरी हुई है। डॉ. सिद्धू ने मुख्यमंत्री से अपील की कि एक जिम्मेदार जनप्रतिनिधि के तौर पर उन्हें इन सवालों का जवाब देना चाहिए।