शहीद भगत सिंह अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डा, चंडीगढ़ से लेह पहुंची एयर इंडिया की फ्लाइट में एक बड़ी चूक सामने आई है. इस उड़ान में 177 यात्री सवार थे, लेकिन जैसे ही फ्लाइट लेह पहुंची, वहां मौजूद यात्रियों को अपना सामान नहीं मिला. देखते ही देखते हवाई अड्डे पर अफरा-तफरी मच गई और गुस्साए यात्रियों ने एयरलाइन स्टाफ के खिलाफ जमकर नाराज़गी जाहिर की.
चंडीगढ़ निवासी गुरप्रताप सिंह बेदी ने बताया कि फ्लाइट स्टाफ की लापरवाही के कारण 100 से ज्यादा यात्रियों का सामान चंडीगढ़ में ही रह गया. कई बैगों में ज़रूरी दस्तावेज, दवाइयां, कीमती जेवर और नकदी रखी हुई थी. इस कारण यात्रियों को भारी असुविधा का सामना करना पड़ा. यात्रियों का कहना है कि फ्लाइट पहले ही करीब 2 घंटे 40 मिनट की देरी से चली और फिर जब वे लेह पहुंचे तो उनका सामान वहां पहुंचा ही नहीं.
सबसे चिंताजनक बात यह रही कि जब यात्रियों ने एयरलाइन स्टाफ से सवाल पूछे तो उन्हें संतोषजनक जवाब नहीं मिला. स्टाफ ने कह दिया – 'हमें कुछ नहीं पता'. जब यात्रियों ने अपना सामान न मिलने की लिखित पुष्टि मांगी, तो उन्हें एक साधारण कागज पर कुछ लिखकर दे दिया गया, जिसकी कोई कानूनी वैधता नहीं थी. यात्रियों का यह भी आरोप है कि न तो उन्हें पानी की पेशकश की गई और न ही आराम करने के लिए कोई व्यवस्था की गई.
इस पूरे मामले पर एयर इंडिया के अधिकारियों का कहना है कि लेह में खराब मौसम के चलते फ्लाइट में देरी हुई और सुरक्षा कारणों से विमान में अतिरिक्त वजन नहीं ले जाया जा सका. इसलिए कुछ सामान चंडीगढ़ एयरपोर्ट पर ही रोक दिया गया, जिसे बाद में लेह पहुंचा दिया जाएगा. हालांकि एयरलाइन की सफाई के बावजूद यात्री बेहद नाराज़ हैं और उन्होंने मांग की है कि एयर इंडिया जिम्मेदारी ले और इस तरह की लापरवाहियों से बचने के लिए कड़े कदम उठाए जाएं.