मंगलवार सुबह-् सुबह जम्मू-कश्मीर के शोपियां के ज़िनपथेर केलर इलाके में सुरक्षाबलों और आतंकियों के बीच जबरदस्त मुठभेड़ शुरू हुई. सुरक्षाबलों की कार्रवाई में लश्कर-ए-तैयबा का एक आतंकी मारा गया है जबकि दो आतंकी अब भी इलाके में छिपे हुए हैं. पूरे क्षेत्र की घेराबंदी कर सर्च ऑपरेशन चलाया जा रहा है.
इस मुठभेड़ से कुछ ही समय पहले सुरक्षाबलों ने शोपियां ज़िले में कई जगह 'Terror Free Kashmir' नामक पोस्टर लगाए थे. इन पोस्टरों में तीन पाकिस्तानी आतंकियों-आदिल हुसैन ठोकर, अली भाई और हाशिम मूसा-की तस्वीरें थीं, जिन्हें 22 अप्रैल को पहलगाम में हुए आतंकी हमले का मुख्य साजिशकर्ता माना जा रहा है.
यह घटना उस समय हुई है जब भारत ने पहलगाम आतंकवादी हमले के बाद ऑपरेशन सिंदूर के तहत पाकिस्तान और पाकिस्तान-आधारित कश्मीर में आतंकवादी ढांचों पर हवाई हमले किए थे. इस हमले में 26 निर्दोष लोगों की निर्मम हत्या कर दी गई थी. भारत ने आतंकवाद के खिलाफ अपनी कड़ी प्रतिक्रिया का स्पष्ट संदेश दिया है और यह चेतावनी दी है कि अब कोई भी आतंकवादी हमला युद्ध की स्थिति मानी जाएगी और इसके जवाब में कड़ा कदम उठाया जाएगा.
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कल राष्ट्र के नाम अपने संबोधन में कहा, 'ऑपरेशन सिंदूर ने आतंकवाद के खिलाफ भारत की लड़ाई में एक नया मानदंड स्थापित किया है और अब एक 'नया सामान्य' स्थापित हो चुका है. उन्होंने कहा, "पहली बात, यदि भारत पर आतंकवादी हमला होता है, तो एक उपयुक्त जवाब दिया जाएगा। हम केवल अपनी शर्तों पर जवाब देंगे। हम आतंकवाद के उत्पत्ति स्थानों पर सख्त कार्रवाई करेंगे. दूसरी बात, भारत किसी भी परमाणु ब्लैकमेल को सहन नहीं करेगा. हम सटीक और निर्णायक रूप से आतंकवादियों के ठिकानों को निशाना बनाएंगे,
जो परमाणु ब्लैकमेल के छिपे हुए रूप में काम कर रहे हैं. तीसरी बात, हम आतंकवाद को प्रायोजित करने वाली सरकारों और आतंकवाद के मास्टरमाइंड्स में कोई फर्क नहीं करेंगे. ऑपरेशन सिंदूर के दौरान दुनिया ने फिर से पाकिस्तान के कुरूप चेहरे को देखा, जब पाकिस्तान के उच्च सैन्य अधिकारी मारे गए आतंकवादियों को विदाई देने आए. यह राज्य प्रायोजित आतंकवाद का मजबूत सबूत है. हम भारत और हमारे नागरिकों को किसी भी खतरे से बचाने के लिए निर्णायक कदम उठाते रहेंगे.'
7 मई को भारत ने पाकिस्तान और पाकिस्तान-आधारित कश्मीर में आतंकवादी ढांचे पर हवाई हमले किए थे और यह साफ किया था कि भारत की कार्रवाई केवल आतंकवादियों को निशाना बना रही है. पाकिस्तान ने इस पर भारी गोलाबारी की, जिससे कई नागरिकों की जान गई और ड्रोन और मिसाइलों से नागरिक इलाकों को निशाना बनाया गया. हालांकि, भारत की वायु रक्षा प्रणाली ने अधिकांश मिसाइलों को नष्ट कर दिया. इसके बाद, भारत ने पाकिस्तान के सैन्य ठिकानों, विशेष रूप से उसके प्रमुख एयरबेसों को निशाना बनाते हुए भारी तबाही मचाई. 10 मई को युद्धविराम की घोषणा की गई थी, लेकिन भारतीय सशस्त्र बलों ने कहा है कि वे पाकिस्तान पर कड़ी नजर रखे हुए हैं और किसी भी गलत कदम का जवाब दिया जाएगा.